टनकपुर, चंपावत में शारदा कॉरिडोर के अंतर्गत बड़े स्तर पर विकास कार्यों की शुरुआत की गई। इस दौरान ₹107 करोड़ की लागत से शारदा घाट के पुनर्विकास कार्यों तथा ₹85 करोड़ की लागत से इकोलॉजिकल कॉरिडोर से जुड़े कार्यों का शिलान्यास किया गया। इसके साथ ही ₹319 करोड़ से अधिक की लागत से कुल 20 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास भी संपन्न हुआ।

कार्यक्रम के दौरान माघ खिचड़ी आयोजन में भी सहभागिता की गई, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
इस अवसर पर कहा गया कि राज्य सरकार देवभूमि उत्तराखंड की धार्मिक, सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक पहचान के संरक्षण और संवर्धन के लिए निरंतर कार्य कर रही है। हालांकि, कुछ असामाजिक तत्व प्रदेश के विकास को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं और सोशल मीडिया के माध्यम से दुष्प्रचार फैलाने का प्रयास कर रहे हैं, जिसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
वक्ताओं ने कहा कि देश पर छह दशकों तक शासन करने वाली ताकतें अब अतीत का हिस्सा बनती जा रही हैं। जनता उन्हें नकार चुकी है और नई पीढ़ी स्पष्ट दृष्टि, निर्णायक नेतृत्व और विकास के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है। देश और प्रदेश अब विकास के मार्ग पर तेज़ी से अग्रसर है।



