देहरादून। सैन्य प्रशिक्षण के क्षेत्र में देश के अग्रणी संस्थान दून डिफेन्स एकेडमी (DDA) ने एक बार फिर अपनी श्रेष्ठता सिद्ध करते हुए UPSC द्वारा घोषित NDA 156वें कोर्स के परिणामों में अभूतपूर्व सफलता हासिल की है। अकादमी के छात्रों ने चयन की बड़ी संख्या और उत्कृष्ट सफलता दर के साथ न केवल संस्थान का मान बढ़ाया है, बल्कि देवभूमि उत्तराखंड को भी गौरवान्वित किया है।

इस गौरवशाली परिणाम में अकादमी के होनहार कैडेट्स पारस मान, राज मंगलम, दर्शिल रंकावत, निखिल यादव, शुभ कौशिक, कमलेश यादव और प्रज्ञा डिमरी सहित अनेक अन्य छात्रों ने अपनी जगह पक्की की है। इन सभी सफल चयनित ‘DDA डायमंड्स’ ने अपनी कड़ी मेहनत और संस्थान के अनुशासित मार्गदर्शन के दम पर भारतीय सशस्त्र बलों में अधिकारी बनने की दिशा में एक बड़ा कदम बढ़ाया है।
विशेष रूप से, 15 जून 2022 को स्थापित किए गए अकादमी के ‘प्रथम पग’ फाउंडेशन विंग ने अपने पहले ही बैच से ऐतिहासिक सफलता दर्ज कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। फाउंडेशन विंग के छात्रों का चयन इस बात का प्रमाण है कि स्कूल स्तर से ही दी जाने वाली सही दिशा और सटीक विजन भविष्य के सैन्य नेतृत्व को तैयार करने में कितनी प्रभावी है।
चयनित कैडेट्स के सर्वांगीण विकास पर जोर देते हुए संस्थान के प्रबंधक, संदीप सर ने बताया कि DDA में केवल लिखित परीक्षा ही नहीं, बल्कि SSB इंटरव्यू, व्यक्तित्व विकास, शारीरिक दक्षता और नेतृत्व क्षमता पर विशेष ध्यान दिया जाता है। इसी समग्र प्रशिक्षण का परिणाम है कि यहाँ के छात्र राष्ट्रीय स्तर की कठिन चुनौतियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं। अपनी पुरानी परंपरा को कायम रखते हुए, अकादमी द्वारा प्रत्येक चयनित कैडेट को ₹20,000 की नकद राशि देकर सम्मानित किया जा रहा है, ताकि अन्य छात्र भी इससे प्रेरणा लेकर भविष्य में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकें।
आज दून डिफेन्स एकेडमी अपने अनुभवी फैकल्टी, नियमित मॉक टेस्ट, और आधुनिक प्रशिक्षण सुविधाओं के कारण देश भर के डिफेंस उम्मीदवारों की पहली पसंद बनी हुई है। “हम केवल परीक्षा उत्तीर्ण कराना ही अपना लक्ष्य नहीं मानते, बल्कि देश के लिए समर्पित और मानसिक रूप से मजबूत भविष्य के अधिकारी तैयार करना हमारा मिशन है।”



