देहरादून नगर निगम ने स्वच्छता व्यवस्था, सुरक्षित आवागमन और विकास कार्यों में पारदर्शिता को लेकर सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। गुरुवार को नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडेय ने अधिकारियों के साथ बैठक कर विभिन्न व्यवस्थाओं की समीक्षा की।
उन्होंने सभी वार्डों में विशेष सफाई अभियान चलाने के निर्देश दिए। मुख्य मार्गों, आंतरिक गलियों और संपर्क मार्गों के किनारे उगी घास-झाड़ियों, कूड़ा-कचरा व अन्य अपशिष्ट को तत्काल हटाने के साथ ही वार्डवार दैनिक रिपोर्ट फोटोग्राफ सहित प्रस्तुत करने को कहा। सफाई व्यवस्था में लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारी-कर्मचारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
15 दिन में गड्ढामुक्त होंगी क्षतिग्रस्त सड़कें
बारिश और जलभराव से क्षतिग्रस्त तथा गड्ढायुक्त नगर निगम की सड़कों का स्थलीय सर्वेक्षण कर 15 दिनों के भीतर आवश्यक मरम्मत एवं पैचवर्क पूरा करने के निर्देश दिए गए। नगर आयुक्त ने सड़क कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति की नियमित समीक्षा करने की बात कही।
विकास कार्यों में पारदर्शिता पर जोर
नगर निगम के निर्माण एवं विकास कार्यों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए कार्य शुरू होने से पहले स्थल निरीक्षण, GPS लोकेशन सहित फोटोग्राफ और कार्य की आवश्यकता से संबंधित प्रमाण-पत्र पत्रावली में अनिवार्य रूप से रखने के निर्देश दिए गए हैं। कार्य शुरू होने और पूरा होने के बाद एक ही दिशा से Before-After फोटोग्राफ लिए जाएंगे।
इसके अलावा किसी कार्य की डुप्लीकेसी रोकने के लिए यह भी सत्यापित किया जाएगा कि संबंधित स्थल पर समान प्रकृति का कार्य किसी अन्य योजना या विभाग के माध्यम से पहले से स्वीकृत अथवा प्रस्तावित तो नहीं है।
नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं होने पर भुगतान की कार्रवाई नहीं की जाएगी। ऐसे मामलों में संबंधित अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता और अवर अभियंता की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों को नागरिक सुविधा, स्वच्छता, सुरक्षित आवागमन और गुणवत्तापूर्ण विकास कार्यों को प्राथमिकता देते हुए सभी कार्य समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।



