आवास, शिक्षा, स्वास्थ्य और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं पर जोर, जिलाधिकारी ने अधिकारियों को दिए निर्देश
देहरादून, 29 अक्टूबर। देहरादून जिले में विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह (पीवीटीजी) के अंतर्गत आने वाले बुक्सा जनजाति के परिवारों को केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए जिला प्रशासन ने प्रयास तेज कर दिए हैं। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने विकासनगर, सहसपुर और डोईवाला विकासखंड के 46 गांवों में निवासरत पीवीटीजी परिवारों को विभिन्न सरकारी योजनाओं से लाभान्वित करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए हैं।
प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महाअभियान (पीएम-जनमन) के तहत चिह्नित गांवों में पात्र परिवारों को आवास, पेयजल, विद्युत, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जोड़ने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसके लिए संबंधित विभागों को पात्र लाभार्थियों की पहचान कर उन्हें योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि पात्र परिवारों को योजनाओं का लाभ दिलाने में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। सभी विभागों को निर्धारित प्रारूप में लाभार्थियों का विवरण उपलब्ध कराने के साथ ही संचालित योजनाओं की प्रगति और वर्तमान स्थिति की जानकारी भी प्रस्तुत करनी होगी।
इस संबंध में जनजाति कल्याण, समाज कल्याण, राजस्व, ग्राम्य विकास, पंचायती राज, स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, पेयजल, विद्युत और लोक निर्माण विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों को अपने-अपने क्षेत्र की योजनाओं की प्रगति का ब्योरा तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा, चिह्नित गांवों के विद्यालयों में शिक्षकों की उपलब्धता, भवनों की स्थिति, पेयजल, शौचालय, विद्युत संयोजन और कंप्यूटर-प्रिंटर जैसी आवश्यक सुविधाओं की जानकारी भी मांगी गई है, ताकि बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी कमियों को चिह्नित कर उनके समाधान की दिशा में कदम उठाए जा सकें।
जिला प्रशासन का उद्देश्य पीवीटीजी परिवारों तक सरकारी योजनाओं की प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करना, मूलभूत सुविधाओं में सुधार लाना और पात्र लाभार्थियों की सामाजिक एवं आर्थिक स्थिति को मजबूत करना है।




